It's all about love and feelings

New Posts

Sunday, August 19, 2018

FRIENDSHIP POETRY : ALAG PEHCHAN RAKHTI HAI WO...

THIS ONE IS FOR A VERY SWEET PERSON Melitta D'souza
SHE IS VERY CUTE AND VERY ADORABLE.
I LOVE HER SIMPLICITY AND HER GENUINE SMILE.
SHE IS A TEACHER, FRIEND, GUIDE, AND MOST IMPORTANTLY 
SHE IS A SWEETHEART.

FRIENDSHIP POETRY :अलग पहचान रखती है वो...


खुले आसमां में उड़ते परिंदेे जैसी
बेखौफ है वो,
पर्वतों के बीच से निकलती नदियों जैसी
चंचल है वो,
रात के अंधेरे में चंद्रमा जैसी
रोशनी से परिपूर्ण है वो,
कैसे जाहिर करूँ उसकी खूबियां
जो लाख गमो के बीच भी
अपनी खुशियों में मदमस्त है वो ।



कला से प्यार है उसे
हर रिश्ते का मान रखती है,
उम्र को पीछे छोड़
बस जिंदगी से प्यार रखती है,
घर वालो की लाडली है
दोस्तो की चहेती है
इसलिए सबको अपने पास रखती है,
दुनियादारी को नजरअंदाज कर
मन को साफ रखती है,
दिक्कते हज़ार आई उसकी ज़िन्दगी में पर सबको दूर रख
बस ज़िन्दगी जीने का इमान रखती है,
हर रिश्ते की कद्र करती है ,
मशरूफ़ रह कर भी
सबको वक़्त देती है वो,
यूँही नही सबकी लाडली हो जाती है वो,
बहुत इंसानों से मिला हूँ
पर सबसे अलग लगी वो
क्योंकि भीड़ में भी अपनी एक अलग पहचान रखती है वो ।



उम्र की सीमा उसे कहा रोक पाई ?
ज़िन्दगी चलती रही
वो जिंन्दगी से बस लड़ती रही
ये ज़िन्दगी उसको कहा डरा पाई ?
आसान नही है उसकी ज़िन्दगी जी पाना
अपने काम के लिए बार बार अपना शहर छोड़ पाना,
बहुत ही शांत और सरल पाया है मैंने उसे
भगवान ने भी बहुत खूब बनाया है उसे,
सबसे खुले दिल से मिलती है
अपना हो या पराया
सबको दिल में रखती है,
ऐसी खूबी आजकल कहाँ देखने मिलती है,
हुस्न भी बहुत खूब है उसका
फिर भी ना कोई सजावट
ना कोई दिखावा
हर एक रंग कमाल है उसका,
रिश्तों को अपना सब कुछ मानती है वो
हर रिश्ते में जान भर देती है वो
उसकी तारीफ किन शब्दो मे करू
मेरे शब्दों से अनजान है पर
दिल के मामले में सबसे आगे है वो ।


अपने हिसाब से जिंदगी जीने का दम रखती है,
हर मामले में सबकी सुनती है
पर आखिर में अपने मन का कर सके
इतनी हिम्मत भी रखती है,
ना दौलत की चाह
ना शोहरत की उम्मीद
बस सुकून से जी सके
इतनी सी ख्वाहिश रखती है,
बहुत सी मुश्किलें सही है उसने
कभी उम्र का ताना
तो कभी शादी का,
पर सबकुछ हँस के सहा है उसने,
कभी उसकी जिंदगी का अंदाज़ा लगा के देखो,
वो क्या क्या झेलती है
कितना कुछ सम्भालती है
कभी सोच के देखो,
उसकी ज़िन्दगी दो पल ना जी पाओगे
यकीन ना हो तो शर्त लगा के देखो,
गर्व है की अपने सपने नही मारती है वो
सबको खुश रख खुद पर मुस्कुराती है वो,
सबकी हंसी को अपनी खुशी मानती है वो,
गमो में रह कर भी अपनी हँसी से
सबको गुमराह करना भी जानती है वो ।



खुशकिस्मत रहा हूँ मैं
जो चंद मुलाकाते हो पाई हमारी,
जिंदगी में लाखो लोगो से मिल कर
शख्सियत समझ आई तुम्हारी,
जैसी हो वैसी ही रहना,
ना कोई छल , ना कोई कपट,
तुम्हारी शख्सियत ही सबसे खास बनाती है तुम्हे
मेरी ये बात हमेशा याद रखना,
सब बदल लेना पर ये अंदाज ना बदलना
जिंदगी की किसी भी राह पर अपनी सादगी ना बदलना,
लोग चाहते है तुम जैसा बनना
तुम किसी भी कीमत पर खुद को ना बदलना,
इस जहान में बहुत सीधी है वो,
रिश्तों का गणित नही समझती
जो बहुत भोली है वो,
खुद को छोड़ सबके लिए जीती है
अपने रिश्तों पर जान देती है वो
उम्मीद है ये दोस्ती यूं ही रहेगी
क्योंकि दूर सही पर मेरी दोस्त है वो।

1 comment: